1005594143

आजादी के 80 साल बाद भी यह है आजाद भारत की तस्वीर, पानी और कीचड़ से होकर निकली तिरंगा यात्रा

1005594143

शिवपुरी। देश आज स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आजादी की 80वीं वर्षगांठ मना रहा है। जगह-जगह तिरंगा फहराया गया और देशभक्ति के कार्यक्रम आयोजित किए गए। लेकिन शिवपुरी जिले के ग्रामीण इलाकों से सामने आए कुछ वीडियो विकास के दावों की जमीनी हकीकत पर सवाल खड़े कर रहे हैं। नरवर तहसील के देहरेटा सानी गांव में बच्चे कीचड़ भरे रास्ते से तिरंगा लेकर स्कूल पहुंचने को मजबूर नजर आए, वहीं शिवपुरी तहसील के ठर्रा गांव में शासकीय स्कूल परिसर और स्कूल तक जाने वाले रास्ते में जलभराव की स्थिति सामने आई है। दोनों गांवों के वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से स्थायी समाधान की मांग की है।

कीचड़ भरे रास्ते से तिरंगा लेकर स्कूल पहुंचे बच्चे

नरवर जनपद पंचायत क्षेत्र के भैंसा अंतर्गत देहरेटा सानी गांव में ग्रामीणों ने गांव की बदहाल सड़कों का वीडियो सामने लाया है। वीडियो में बच्चे बारिश के बाद कीचड़ में तब्दील हुए रास्ते से होकर तिरंगा लेकर स्कूल जाते दिखाई दे रहे हैं।

ग्रामीणों के अनुसार बारिश के दिनों में गांव से स्कूल तक जाने वाला रास्ता बेहद खराब हो जाता है। सड़क पर कीचड़ और पानी जमा होने के कारण बच्चों को स्कूल पहुंचने में परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है कि सिर्फ बच्चे ही नहीं, बल्कि बुजुर्गों और अन्य ग्रामीणों को भी इसी रास्ते से आवागमन करना पड़ता है।

ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क की समस्या को लेकर सरपंच, सचिव और नरवर प्रशासन के जिम्मेदार अधिकारियों से कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो सका है। ग्रामीणों ने कलेक्टर अर्पित वर्मा से मामले में हस्तक्षेप कर सड़क की स्थिति सुधारने और बच्चों के लिए स्कूल तक सुरक्षित रास्ता उपलब्ध कराने की मांग की है।

ठर्रा में स्कूल परिसर और रास्ते में जलभराव

इसी तरह शिवपुरी तहसील के ठर्रा गांव से सामने आए वीडियो में शासकीय स्कूल परिसर और स्कूल तक पहुंचने वाले रास्ते में पानी भरा हुआ नजर आ रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक 15 अगस्त के कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बच्चों को स्कूल पहुंचना था, लेकिन जलभराव के कारण उन्हें कच्ची पगडंडी और बदहाल रास्ते से होकर स्कूल जाना पड़ा।

ग्रामीणों ने स्कूल परिसर की व्यवस्थाओं पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि बारिश के दौरान स्कूल परिसर में पानी भरने से विद्यार्थियों और शिक्षकों को परेशानी होती है। स्कूल के शौचालयों की खराब स्थिति को लेकर भी ग्रामीणों ने नाराजगी जताई है।

इसके अलावा ग्रामीणों ने स्कूल के पास संचालित एक दुकान पर कथित रूप से अवैध शराब बिक्री होने का आरोप भी लगाया है। हालांकि इस आरोप की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराने की मांग की है।

पंचायत से प्रशासन तक शिकायत, फिर भी समस्या जस की तस

दोनों गांवों के ग्रामीणों का कहना है कि सड़क, जल निकासी और स्कूल की मूलभूत व्यवस्थाओं को लेकर कई बार जिम्मेदारों से शिकायत की गई, लेकिन समस्याओं का स्थायी निराकरण नहीं हुआ।

ग्रामीणों का कहना है कि स्वतंत्रता दिवस जैसे राष्ट्रीय पर्व पर जब बच्चे हाथों में तिरंगा लेकर स्कूल पहुंचते हैं, तब उन्हें बेहतर और सुरक्षित रास्ता मिलना चाहिए। बारिश के दौरान कीचड़ और जलभराव के बीच बच्चों का स्कूल पहुंचना ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

ग्रामीणों ने की तत्काल कार्रवाई की मांग

ग्रामीणों ने प्रशासन से देहरेटा सानी में सड़क निर्माण एवं मरम्मत कराने तथा ठर्रा में जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की है। साथ ही स्कूल परिसर, रास्ते और शौचालयों की स्थिति सुधारने की मांग भी की गई है।

अब देखना होगा कि सोशल मीडिया पर सामने आए इन वीडियो के बाद प्रशासन इन समस्याओं को कितनी गंभीरता से लेता है और ग्रामीणों को बारिश के मौसम में कीचड़, पानी और बदहाल रास्तों से कब तक राहत मिल पाती है।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *