जांच कमेटी बनते ही संजीवनी क्लीनिक के डॉक्टर गायब, एक ने दिया इस्तीफा, दूसरे ने ली छुट्टी

शिवपुरी। दमोह में फर्जी डॉक्टरों की नियुक्ति का मामला सामने आने के बाद अब शिवपुरी जिले में भी संजीवनी क्लीनिकों में नियुक्त डॉक्टरों की डिग्रियों और दस्तावेजों पर सवाल उठने लगे हैं। सीएमएचओ द्वारा 19 मई को जांच कमेटी गठित किए जाने के अगले ही दिन एक डॉक्टर ने इस्तीफा दे दिया, जबकि दूसरे डॉक्टर छुट्टी पर चले गए। इससे स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप की स्थिति बन गई है।
जानकारी के अनुसार डॉ. आकाश चांदेलकर 10 फरवरी 2026 से मनियर स्थित मुख्यमंत्री संजीवनी क्लीनिक में पदस्थ थे। जांच कमेटी बनने के अगले ही दिन 20 मई को उन्होंने इस्तीफा दे दिया। बताया जा रहा है कि तब से उनका मोबाइल भी स्विच ऑफ आ रहा है। वहीं डॉ. मोहर सिंह, जो 13 फरवरी 2026 से हवाई पट्टी स्थित संजीवनी क्लीनिक में पदस्थ थे, छुट्टी लेकर चले गए हैं। पहले उन्होंने प्रभारी डॉ. अनीता पाल को घर में गमी होने की बात कही, लेकिन 22 मई को दिए गए सात दिन के अवकाश आवेदन में बेटी को दस्त होने का कारण बताया गया है।
सूत्रों के अनुसार एक अन्य संजीवनी क्लीनिक के डॉक्टर भी लंबे अवकाश पर हैं। इधर स्वास्थ्य विभाग ने जिले के सभी संजीवनी क्लीनिकों में पदस्थ डॉक्टरों के दस्तावेजों की जांच शुरू कर दी है। सीएमएचओ डॉ. संजय ऋषीश्वर ने कहा है कि जांच और मॉनिटरिंग टीम सभी दस्तावेजों का परीक्षण करेगी। यदि किसी डॉक्टर के दस्तावेज फर्जी या गलत पाए गए तो संबंधित के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
