CM और सिंधिया के आगमन से पहले गूंजे गायत्री शर्मा चोर है के नारे, मनाने जिलाध्यक्ष पहुंचे, पार्षद नहीं माने, नोटिस, निष्कासन की तैयारी

शिवपुरी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के रविवार को प्रस्तावित शिवपुरी दौरे से एक दिन पहले भारतीय जनता पार्टी में अंदरूनी कलह खुलकर सामने आ गई। शनिवार को एक दर्जन से अधिक भाजपा पार्षद नगर पालिका अध्यक्ष गायत्री शर्मा के खिलाफ तख्तियां लेकर शहर के बाजार में उतर आए और “गायत्री शर्मा चोर है” के नारे लगाते हुए प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष सहित कई पदाधिकारियों ने पार्षदों को समझाने और प्रदर्शन रोकने का प्रयास किया, लेकिन पार्षद नहीं माने। प्रदर्शनकारी पार्षदों ने यहां तक कहा कि कौन अध्यक्ष, हम नहीं जानते।


प्रदर्शन के बाद भाजपा संगठन भी सक्रिय हो गया। पार्टी की ओर से प्रदर्शन में शामिल भाजपा पार्षदों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। नोटिस वार्ड क्रमांक 5 के पार्षद ओमप्रकाश जैन (ओमी), वार्ड क्रमांक 9 की पार्षद रितु रत्नेश जैन, वार्ड क्रमांक 10 की पार्षद प्रतिभा गोपी शर्मा, वार्ड क्रमांक 11 की पार्षद नीलम अनिल वघेल, वार्ड क्रमांक 12 की पार्षद सरोज धाकड़, वार्ड क्रमांक 17 के पार्षद राजा यादव, वार्ड क्रमांक 18 की पार्षद रीना कुलदीप शर्मा, वार्ड क्रमांक 20 के पार्षद विजय शर्मा (विंदास), वार्ड क्रमांक 21 के पार्षद रघुराज सिंह गुर्जर (राजू), वार्ड क्रमांक 31 की पार्षद मीना पंकज शर्मा, वार्ड क्रमांक 37 के पार्षद गौरव सिंघल तथा वार्ड क्रमांक 39 की पार्षद कृष्णा नागर को जारी किए गए हैं।
नोटिस में आरोप लगाया गया है कि संबंधित पार्षदों ने पार्टी की रीति-नीति, संगठनात्मक अनुशासन और निर्देशों के विपरीत गतिविधियां कर पार्टी अनुशासन का खुला उल्लंघन किया है। सभी पार्षदों से तीन दिन के भीतर लिखित स्पष्टीकरण मांगा गया है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब नहीं मिला या उत्तर असंतोषजनक पाया गया तो पार्टी संविधान के अनुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। पार्टी सूत्रों के अनुसार संबंधित पार्षदों के निष्कासन की तैयारी भी शुरू कर दी गई है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के शिवपुरी दौरे से ठीक पहले सामने आया यह घटनाक्रम जिले की भाजपा राजनीति में नई हलचल पैदा कर गया है। अब सभी की नजर संगठन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।
