अवैध मिट्टी उत्खनन रोकने पहुंचे तहसीलदार को माफिया की धमकी, बोला- गोली मार दूंगा, जेल चला जाऊंगा: बेटे से कहा- बंदूक ले आ

शिवपुरी। जिले की बदरवास तहसील में अवैध मिट्टी उत्खनन के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची राजस्व विभाग की टीम को खनन माफिया के विरोध का सामना करना पड़ा। कार्रवाई के दौरान तहसीलदार सचिन भार्गव को खुलेआम गोली मारने की धमकी दी गई। आरोपी ने कहा, रुक जाओ, नहीं तो गोली मार दूंगा और जेल चला जाऊंगा। इतना ही नहीं, उसने अपने बेटे को आवाज लगाते हुए कहा, घर से बंदूक ले आ, आज इन सबको गोली मार दूंगा। घटना का वीडियो शुक्रवार को सामने आने के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गुरुवार दोपहर राजस्व विभाग को सूचना मिली थी कि बदरवास तहसील के सड़बूड़ गांव में सिंध नदी के पास शासकीय भूमि पर अवैध मिट्टी उत्खनन किया जा रहा है। सूचना पर तहसीलदार सचिन भार्गव अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जांच में पाया गया कि रेत घाट तक पहुंचने के लिए सरकारी जमीन से रास्ता बनाया जा रहा था और हाइड्रा मशीन की मदद से मिट्टी निकालकर दो ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से उसका परिवहन किया जा रहा था। टीम ने कार्रवाई शुरू की तो हाइड्रा चालक मशीन लेकर मौके से फरार हो गया, जबकि दूसरे चालक ने ट्रैक्टर-ट्रॉली रास्ते में छोड़ दी।
इसी दौरान आरोपी जयमंडल यादव, उसके पिता लाखन यादव और बेटे विकुल यादव मौके पर पहुंच गए और कार्रवाई का विरोध करते हुए राजस्व अधिकारियों के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। आरोप है कि जयमंडल यादव ने तहसीलदार को जान से मारने की धमकी दी और अपने बेटे से बंदूक लाने के लिए कहा। हंगामे का फायदा उठाकर आरोपी हाइड्रा और एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को मौके से भगा ले गए। हालांकि, मिट्टी से भरी एक अन्य ट्रैक्टर-ट्रॉली को राजस्व टीम ने जब्त कर बदरवास थाने में खड़ा करा दिया।
तहसीलदार सचिन भार्गव ने बताया कि आरोपियों ने शासकीय भूमि पर करीब 15-15 फीट गहरे गड्ढे खोद दिए थे। पूछताछ में आरोपियों ने जमीन को निजी बताया, लेकिन जांच में उससे लगी सरकारी भूमि पर भी अवैध उत्खनन होना पाया गया, जिसके आधार पर कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि सरकारी जमीन को गंभीर नुकसान पहुंचाया गया है।
कोटवार सुनील कुमार ने बदरवास थाने में दर्ज कराई शिकायत में बताया कि कार्रवाई के दौरान तहसीलदार सचिन भार्गव, पटवारी ब्रिजेन्द्र, प्रभाकर मरैया, जितेंद्र दांगी, कोटवार बलवीर केवट, पवन वाल्मीकि और वह स्वयं मौके पर मौजूद थे। आरोपियों ने शासकीय कार्य में बाधा डालते हुए गाली-गलौज की और पूरी टीम को जान से मारने की धमकी दी।
बदरवास थाना पुलिस ने जयमंडल यादव, लाखन यादव और विकुल यादव के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा, धमकी और अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी नवीन यादव ने बताया कि आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। जांच के बाद उनके विरुद्ध नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
