लिव-इन पार्टनर का अपहरण करने वाला इनामी बदमाश अवैध पिस्टल के साथ गिरफ्तार, दो अन्य साथी भी पहुंचे जेल

शिवपुरी। कोतवाली पुलिस ने अपहरण और जानलेवा हमले के सनसनीखेज मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने मुख्य आरोपी पुष्पेंद्र चौहान सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मुख्य आरोपी के पास से एक अवैध देशी पिस्टल और जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए हैं। इस पूरी कार्रवाई में पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य और तत्परता का परिचय देते हुए आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया है।
8 मई 2026 को शिवपुरी निवासी नीलम गुहारिया ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनकी बेटी पिछले 3 साल से पुष्पेंद्र चौहान के साथ इंदौर में लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी। प्रताड़ना से तंग आकर वह अपनी तीन महीने की बच्ची के साथ शिवपुरी आकर रहने लगी। 8 मई की रात पुष्पेंद्र अपने 8-10 साथियों के साथ कार से आया और घर में घुसकर युवती और उसकी मासूम बच्ची का अपहरण कर ले गया। रोकने पर परिजनों के साथ हॉकी और डंडों से मारपीट भी की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक यांगचेन डोलकर भूटिया ने तत्काल टीमों का गठन किया। सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी मदद से आरोपी का पीछा किया गया। मुख्य आरोपी पुष्पेंद्र चौहान को 9 मई को पडोरा पुल के पास से गिरफ्तार किया गया। उस पर 10,000 रुपये का इनाम घोषित था। उसके पास से घटना में प्रयुक्त अवैध पिस्टल और राउंड जप्त किया गया है।
मामले में संलिप्त अन्य दो आरोपियों, टिंकल सोलंकी (निवासी अमोला) और राजा कुशवाह (निवासी करैरा) को पोलो ग्राउंड के पास से पकड़ा गया। इन दोनों पर 5-5 हजार रुपये का इनाम था।
गिरफ्तार किए गए दोनों साथी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। वहीं, मुख्य आरोपी पुष्पेंद्र चौहान को पुलिस रिमांड पर लिया गया है ताकि घटना में शामिल अन्य फरार साथियों और अवैध हथियारों के बारे में और जानकारी जुटाई जा सके। मामले में बीएनएस की विभिन्न धाराओं सहित आर्म्स एक्ट की धाराएं भी बढ़ाई गई हैं। इस चुनौतीपूर्ण ऑपरेशन में कोतवाली टीआई रोहित दुबे, उनि सुमित शर्मा, उनि आदित्य राजावत सहित सायबर सेल शिवपुरी की विशेष भूमिका रही।
